साइबर अपराध पर CM भजनलाल का बड़ा प्लान, 1930 हेल्पलाइन होगी और मजबूत, ठगों की संपत्ति भी होगी जब्त

6
CM Bhajanlal Sharma

CM Bhajanlal Sharma: जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने  पुलिस मुख्यालय स्थित राजस्थान साइबर क्राइम कंट्रोल सेंटर (R4C) और उसके तहत संचालित 1930 साइबर हेल्पलाइन का निरीक्षण कर प्रदेश में साइबर अपराधों की रोकथाम की तैयारियों की समीक्षा की। (CM Bhajanlal Sharma)उन्होंने अधिकारियों से साइबर ठगी के मामलों पर विस्तृत फीडबैक लिया और अपराधियों पर त्वरित एवं कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

जागरूकता अभियान और तकनीक पर जोर

मुख्यमंत्री ने पुलिस अधिकारियों की बैठक में निर्देश दिए कि सोशल मीडिया, डिजिटल प्लेटफॉर्म और अन्य माध्यमों के जरिए आमजन को साइबर अपराधों के प्रति अधिक जागरूक किया जाए। उन्होंने स्कूलों और कॉलेजों में विशेष जागरूकता अभियान चलाने पर भी बल दिया। साथ ही बैंकिंग संस्थानों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर साइबर ठगों के बैंक खातों को तुरंत ब्लॉक करने और आधुनिक तकनीक एवं डेटा विश्लेषण की मदद से अपराधियों तक तेजी से पहुंचने के निर्देश दिए।

R4C को मिलेगा नया भवन, खाताधारकों पर भी होगी कार्रवाई

मुख्यमंत्री ने कहा कि साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए राज्य सरकार लगातार काम कर रही है। उन्होंने R4C के लिए नया भवन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही यह भी स्पष्ट किया कि साइबर ठगी में अपना बैंक खाता उपलब्ध कराने वाले लोगों के खिलाफ भी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने साइबर अपराधियों की गिरफ्तारी के साथ उनकी संपत्तियों पर भी कार्रवाई करने को कहा।

अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि 1930 हेल्पलाइन पर लगभग 95 प्रतिशत शिकायतों पर समयबद्ध कार्रवाई की जा रही है। पहले जहां 30 कॉल लाइनें थीं, उन्हें बढ़ाकर 53 किया गया है और जल्द ही यह संख्या 60 तक पहुंचाई जाएगी। हेल्पलाइन तीन शिफ्टों में संचालित हो रही है ताकि प्रत्येक शिकायत का त्वरित निस्तारण हो सके।

विशेष अभियान और शिकायतकर्ता से संवाद

मुख्यमंत्री को बताया गया कि ऑपरेशन वज्र प्रहार, ऑपरेशन साइबर शील्ड, ऑपरेशन एंटी वायरस और ऑपरेशन म्यूल हंटर जैसे अभियानों के जरिए साइबर अपराधियों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। पांच लाख रुपये से अधिक की साइबर धोखाधड़ी के मामलों में 412 ई-जीरो एफआईआर दर्ज की जा चुकी हैं।

निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने बाड़मेर निवासी शिकायतकर्ता भैराराम से सीधे बातचीत कर इंस्टाग्राम फॉलोअर्स बढ़ाने के नाम पर हुई साइबर ठगी की जानकारी ली। उन्होंने शिकायत दर्ज होने से लेकर बैंक और संबंधित थाने तक की पूरी प्रक्रिया का लाइव अवलोकन किया।

मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से अपील की कि साइबर ठगी का शिकार होने पर तुरंत 1930 हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराएं, ताकि ‘गोल्डन आवर्स’ में कार्रवाई कर नुकसान को कम किया जा सके। 21 जुलाई को मुख्य सचिव की अध्यक्षता में स्पेशल स्टेट लेवल बैंकर्स कमेटी (SLBC) की बैठक भी आयोजित होगी, जिसमें साइबर अपराध रोकने के लिए बैंक और पुलिस के बीच समन्वय को और मजबूत करने पर चर्चा होगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here