PM Modi: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने दावा किया कि पश्चिम बंगाल में पहले चरण के मतदान में स्पष्ट रूप से ”परिवर्तन की लहर” दिखाई दी और यह तृणमूल कांग्रेस के “महा जंगलराज” के अंत का संकेत है।
उत्तर 24 परगना जिले के दमदम लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत पानीहाटी में चुनावी रैली को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा कि भारी मतदान का मतलब भाजपा का समर्थन बढ़ना और तृणमूल की “तानाशाही” को नकारा जाना है। (PM Modi,) पश्चिम बंगाल में बृहस्पतिवार को विधानसभा चुनाव के पहले चरण के मतदान में 3.60 करोड़ मतदाताओं में से करीब 92 प्रतिशत ने मतदान किया। मोदी ने कहा, ” बंगाल में लंबे समय से जो बदलाव की लहर दिखाई दे रही थी, कल के पहले चरण के मतदान ने उस पर मुहर लगा दी है। कल भाजपा के पक्ष में मिले समर्थन ने उसकी जीत का शंखनाद कर दिया है।”
मतदान के बाद तृणमूल ”बेहद घबराई हुई”’
प्रधानमंत्री ने कहा, ” बंगाल में जहां तृणमूल ने अपनी तानाशाही से लोकतंत्र के मंदिर को ध्वस्त कर दिया था, वहां के लोगों ने लोकतंत्र के मंदिर का पुनर्निर्माण शुरू कर दिया है। अब दूसरे चरण में आपको इस मंदिर पर विजय ध्वज फहराना है।” उन्होंने दावा किया कि पहले चरण के मतदान के बाद तृणमूल ”बेहद घबराई हुई” है। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ पार्टी ने रातों-रात अपने “गुंडों” को सक्रिय कर दिया था ताकि मतदाताओं और भाजपा कार्यकर्ताओं को डराया-धमकाया जा सके। मोदी ने कहा, “कल के पहले चरण के मतदान ने टीएमसी के ‘जंगल राज’ के शासन का अंत सुनिश्चित कर दिया है। चार मई को, जब नतीजे घोषित होंगे, तब टीएमसी के गुंडों के लिए छिपने की कोई जगह नहीं होगी। कोई भी उन्हें बचा नहीं पाएगा। बंगाल कह रहा है ‘पल्टानो दोरकार, चाय भाजपा सरकार’ (बदलाव की जरूरत है, भाजपा की सरकार चाहिए)।”

बंगाल का गौरव फिर से बहाल
मोदी ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस का उल्लेख करते हुए कहा कि बंगाल को एक “नयी क्रांति” की जरूरत है, जो इस बार वोट के जरिए आएगी। उन्होंने कहा, “यह क्रांति की भूमि है, यह वीरों की भूमि है। नेताजी सुभाष चंद्र बोस ने राष्ट्र से गुलामी की जंजीरों को तोड़ने का आह्वान किया था। तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा। अब बंगाल में एक नयी क्रांति का समय है। यह क्रांति आपके एक वोट से आएगी।” उन्होंने कहा कि भाजपा बंगाल को “सालों की कठिनाइयों” जैसे “भय से आज़ादी, भ्रष्टाचार, सिंडिकेट राज, महिलाओं पर अत्याचार, बेरोज़गारी, मजबूरी में पलायन” और “घुसपैठियों के कब्जे” से मुक्त कराने का वादा करती है।
उन्होंने कहा, “बंगाल का गौरव फिर से बहाल करने के लिए, बंगाल को फिर से अवसरों की भूमि बनाने के लिए यह आज़ादी बेहद जरूरी है।” महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सत्तारूढ़ पार्टी पर हमला तेज करते हुए मोदी ने तृणमूल कांग्रेस को ”महिला विरोधी पार्टी” बताया। उन्होंने कहा कि भाजपा ”महिलाओं के नेतृत्व वाले विकास मॉडल” में विश्वास करती है। उन्होंने उन महिला उम्मीदवारों का जिक्र किया जिन्हें भाजपा ने चुनाव मैदान में उतारा है।
हमने उस मां को उम्मीदवार बनाया
इनमें आर जी कर अस्पताल बलात्कार-हत्या मामले की पीड़िता की मां और संदेशखालि मामले की पीड़िता शामिल हैं। मोदी ने कहा कि पार्टी ने उन लोगों को प्रतिनिधित्व दिया है जिन्होंने अन्याय सहा है। मोदी ने पानीहाटी से पार्टी की उम्मीदवार व आरजी कर बलात्कार-हत्या मामले में पीड़िता की मां का जिक्र करते हुए कहा, ”इस मां ने डॉक्टर बनने में अपनी बेटी की मदद की। लेकिन टीएमसी ने उस बेटी को इनसे छीन लिया। हमने उस मां को उम्मीदवार बनाया है।”
उन्होंने कहा, ”भाजपा ने संदेशखाली की पीड़िता को भी नेतृत्व करने का मौका दिया है। जब बंगाल की महिलाएं न्याय की मांग करती हैं, तो टीएमसी उन्हें घर से बाहर न निकलने के लिए कहती है।” मोदी ने भाजपा के सत्ता में आने पर भाजपा की कानूनी और राजनीतिक जवाबदेही सुनिश्चित करने का वादा करते हुए कहा कि महिलाओं के खिलाफ अत्याचार से जुड़े मामलों की फाइल दोबारा खोली जाएंगी। उन्होंने कहा, “चार मई को भाजपा सरकार बनने के बाद हर अन्याय, हर अत्याचार की फाइल खोली जाएगी। यह मोदी की गारंटी है।”
भाजपा की वैचारिक जड़ें बंगाल…
मोदी ने कहा, “मैं बंगाल की बहनों को आश्वस्त करना चाहता हूं कि आपके इस भाई के लिए महिलाओं की सुरक्षा सर्वोपरि होगी।” उन्होंने कहा कि बंगाल की महिलाएं राज्य की “नयी गाथा” लिखेगी। प्रधानमंत्री ने मध्यम वर्ग को भी संबोधित किया, केंद्र सरकार की कर राहत नीतियों का उल्लेख किया और राज्य में भाजपा सरकार आने पर और छूट देने का वादा किया। साथ ही टीएमसी पर बंगाल की औद्योगिक विरासत को नष्ट करने का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि 2014 से पहले, जब केंद्र में टीएमसी समर्थित संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) सरकार थी, तब दो लाख रुपये से अधिक आय पर कर लगता था, जबकि अब 12 लाख रुपये सालाना तक की आय कर-मुक्त कर दी गई है। उन्होंने श्यामा प्रसाद मुखर्जी का भी उल्लेख किया और कहा कि भाजपा की वैचारिक जड़ें बंगाल में हैं और पार्टी उनकी सोच से प्रेरित है। उन्होंने कहा, “हम डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी पर गर्व करते हैं, जिनसे प्रेरित होकर जनसंघ की स्थापना हुई और बाद में भाजपा बनी।




































































