Maharashtra news: महाराष्ट्र विधानसभा के बजट सत्र में आज विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच तीखा विवाद देखने को मिला। कांग्रेस के विधायक साजिद खान पठान को लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जान की धमकी मिलने के मामले में विपक्ष ने सदन में जमकर हंगामा किया और राज्य में(Maharashtra news) कानून-व्यवस्था की स्थिति पर गंभीर सवाल उठाए।
विपक्ष ने सदन का किया घेराबंदी
विधानसभा में कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों ने सरकार की घेराबंदी करते हुए आरोप लगाया कि राज्य में कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है। विपक्षी नेताओं ने कहा कि बिश्नोई गैंग के गुर्गे अब सीधे जन प्रतिनिधियों को निशाना बना रहे हैं और फोन कर रंगदारी मांग रहे हैं। उन्होंने कहा कि अकोला पश्चिम के विधायक साजिद खान पठान को मिल रही धमकियां इस बात का प्रमाण हैं कि अपराधी पुलिस व्यवस्था से बेखौफ हो चुके हैं।
हंगामे के दौरान कांग्रेस विधायकों ने सदन की कार्यवाही रोक दी और साजिद खान पठान के लिए तत्काल ‘Z’ श्रेणी की सुरक्षा देने की मांग की। विपक्ष ने साफ कर दिया कि जब तक विधायक और उनके परिवार को पुख्ता सुरक्षा नहीं दी जाती, तब तक वे चर्चा आगे नहीं बढ़ने देंगे। सत्ता पक्ष के सदस्यों द्वारा संयम बरतने की अपील के बावजूद सदन में शोर-शराबा जारी रहा।
बाबा सिद्दीकी हत्याकांड का हवाला
विपक्ष के नेताओं ने सदन को संबोधित करते हुए कहा कि बाबा सिद्दीकी की हत्या के बाद से राज्य में डर का माहौल है। उन्होंने बताया कि विधायक साजिद खान पठान को अंतरराष्ट्रीय नंबरों से कॉल और मैसेज आ रहे हैं, जिसमें लॉरेंस बिश्नोई गैंग का नाम लेकर उन्हें डराया जा रहा है। विपक्ष ने सरकार से सवाल किया कि आखिर पुलिस इन अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क को ट्रैक करने में विफल क्यों हो रही है और यह केवल एक विधायक की सुरक्षा का नहीं, बल्कि लोकतंत्र की आवाज को दबाने की कोशिश है।
फडणवीस ने दिया आश्वासन
सदन में बढ़ते हंगामे के बीच उपमुख्यमंत्री और गृह मंत्री देवेंद्र फडणवीस ने हस्तक्षेप किया। उन्होंने कहा कि सरकार इस मामले को बेहद गंभीरता से ले रही है। फडणवीस ने स्पष्ट किया कि साजिद खान पठान को मिली धमकियों की जांच एंटी-टेररिज्म स्क्वाड (ATS) और साइबर सेल की मदद से की जा रही है।
उन्होंने कहा, “विधायक की सुरक्षा की समीक्षा (Threat Assessment) कर ली गई है और उन्हें आवश्यक सुरक्षा प्रदान की जाएगी। बिश्नोई गैंग के नाम पर फर्जी कॉल कर दहशत फैलाने वालों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।





























































