तेलंगाना में भ्रष्टाचार का सनसनीखेज खुलासा! सरकारी अफसर की दौलत के पीछे क्या है रहस्य?

21
Telangana ACB

Telangana ACB: तेलंगाना में भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई के दौरान एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने हर किसी को हैरान कर दिया है। तेलंगाना एंटी-करप्शन ब्यूरो (ACB) ने महबूबनगर जिले के डिप्टी ट्रांसपोर्ट कमिश्नर मूड किशन के खिलाफ उनकी आय से कहीं ज्यादा संपत्ति रखने के आरोप में केस दर्ज किया है। जांच में सामने आया है कि अधिकारी के पास 40 एकड़ से ज्यादा ज़मीन,(Telangana ACB) 1 किलो से अधिक सोने के गहने और करोड़ों रुपये के निवेश मौजूद हैं।

12 करोड़ का आंकड़ा या इससे भी ज्यादा?

ACB के अनुसार, जब्त की गई संपत्तियों का दस्तावेज़ी मूल्य करीब 12.72 करोड़ रुपये आंका गया है। लेकिन जांचकर्ताओं का कहना है कि यह सिर्फ कागज़ी कीमत है। असल बाज़ार मूल्य इससे कई गुना ज्यादा हो सकता है, क्योंकि इसमें प्रीमियम ज़मीन, होटल में हिस्सेदारी और महंगे व्यावसायिक निवेश शामिल हैं।

इतनी सैलरी में इतना साम्राज्य कैसे बना?

मूड किशन जिस पद पर तैनात थे, उस रैंक के अधिकारी की मासिक सैलरी लगभग 1 से 1.25 लाख रुपये होती है। ऐसे में सवाल उठता है कि एक सीमित वेतन वाला सरकारी अधिकारी होटल, शोरूम और सैकड़ों एकड़ की संपत्ति कैसे खड़ी कर सकता है?

छापेमारी में क्या-क्या निकला?

ACB ने किशन के घर और उनसे जुड़े 11 अन्य ठिकानों पर छापेमारी की। वहां से जो जानकारी सामने आई, उसने जांच एजेंसियों को भी चौंका दिया। बरामद संपत्तियों में शामिल हैं:

संगारेड्डी जिले में 31 एकड़ कृषि भूमि।
निज़ामाबाद नगर सीमा में 10 एकड़ व्यावसायिक ज़मीन।
लाहरी इंटरनेशनल होटल में 50% हिस्सेदारी।
निज़ामाबाद में 3,000 वर्ग गज का फर्नीचर शोरूम।
1.37 करोड़ रुपये का फ्रीज़ बैंक बैलेंस।
1 किलो से ज्यादा सोने के गहने।
लक्ज़री गाड़ियां-इनोवा क्रिस्टा और होंडा सिटी।

रियल एस्टेट और होटल कारोबारी कैसे बना अफसर?

जांच एजेंसी का आरोप है कि किशन ने सरकारी सेवा में रहते हुए ही होटल और रियल एस्टेट का एक छाया साम्राज्य खड़ा किया। यह सीधे तौर पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम का उल्लंघन है। एक सरकारी कर्मचारी का इस तरह हॉस्पिटैलिटी और रियल एस्टेट मुगल बन जाना, सिस्टम में गहरे भ्रष्टाचार की ओर इशारा करता है। ACB अधिकारियों का कहना है कि यह मामला सिर्फ संपत्ति के आंकड़ों का नहीं है, बल्कि उस तरीके का है, जिससे यह संपत्ति बनाई गई। आरोप है कि मूड किशन ने सक्रिय सरकारी सेवा में रहते हुए होटल, शोरूम और रियल एस्टेट का एक “छाया साम्राज्य” खड़ा किया।

किन धाराओं में दर्ज हुआ मामला?

ACB ने मूड किशन के खिलाफ संशोधित भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 13(1)(b) और 13(2) के तहत मामला दर्ज किया है। ये धाराएं अवैध तरीके से संपत्ति जुटाने और आपराधिक दुराचार से जुड़ी होती हैं।

 

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here