Republic Day : 77वां गणतंत्र दिवस समारोह इस बार सिर्फ खास नहीं, बल्कि सुपर से भी ऊपर होने जा रहा है। अगर आप कर्तव्य पथ पर भारतीय सेना और पैरा मिलिट्री की नई ताकत को अपनी आंखों से देखना चाहते हैं, तो टिकट बुक करने में देर न करें। क्योंकि 26 जनवरी को जो दिखेगा, ( Republic Day )वह सिर्फ परेड नहीं बल्कि भविष्य के युद्ध का ट्रेलर होगा।
सेना का बदला हुआ चेहरा
इस साल गणतंत्र दिवस परेड में भारतीय सेना के स्पेशल फोर्स अत्याधुनिक युद्ध प्रणालियों का प्रदर्शन करेंगे। इसमें रोबोटिक खच्चर, एफपीवी ड्रोन (First Person View), मानव रहित जमीनी वाहन (UGV) और आधुनिक हथियार शामिल हैं, जो यह संदेश देंगे कि भारत की सेना हर परिस्थिति और हर दुश्मन के लिए पूरी तरह तैयार है।
गणतंत्र दिवस परेड में क्या होगा सबसे खास?
77वें गणतंत्र दिवस परेड के दौरान यह दिखाया जाएगा कि भारतीय सेना की ताकत में बीते वर्षों में कितना बड़ा बदलाव आया है और नेक्स्ट जेनरेशन वॉरफेयर के लिए किन तकनीकों पर फोकस किया गया है।
आधुनिक पैदल सेना के हथियारों का भी प्रदर्शन होगा, जिसमें टेवर असॉल्ट राइफल और नेगेव लाइट मशीन गन शामिल हैं। यह पहली बार होगा जब आम जनता इतने करीब से भविष्य की सैन्य तकनीक देख पाएगी।
दुश्मन को हराने के लिए तैयार भारत की सेना
2024 में विशेष बलों में शामिल किए गए रोबोटिक खच्चर पहले ही पुणे में सेना दिवस परेड में दिखाए जा चुके हैं। अब ये गणतंत्र दिवस परेड में भी नजर आएंगे।
रक्षा मंत्रालय से मिली जानकारी के मुताबिक IWI नेगेव एनजी-7 (7.62×51 मिमी नाटो कैलिबर) लाइट मशीन गन का भी प्रदर्शन किया जाएगा, जो कठिन से कठिन परिस्थितियों में अपनी सटीकता और विश्वसनीयता के लिए जानी जाती है। इस हथियार को अक्टूबर 2025 में भारतीय सेना में शामिल किया गया था।
ड्रोन और ऑल-टेरेन सिस्टम की ताकत
परेड में पैरा ब्रिगेड कॉलम दो रग्ड टेरेन ट्रांसपोर्ट सिस्टम (RTTS) के साथ शुरू होगा—एक त्रिनेत्र ड्रोन से लैस और दूसरा फर्स्ट-पर्सन व्यू (FPV) सिस्टम से।
इसके बाद दो ऑल-टेरेन वाहन (ATV) नागास्त्र और जॉनेट हथियारों के साथ दिखाई देंगे। अगली पीढ़ी के चार हल्के विशेषज्ञ वाहन भी होंगे, जो भारी मशीन गन और एंटी-टैंक गाइडेड मिसाइल (ATGM) प्रणाली से लैस होंगे।
रोबोटिक खच्चर और मानव रहित वाहन—युद्ध का नया युग
परेड का सबसे आकर्षक दृश्य तब होगा जब एक ट्रैक-व्हील सिस्टम सामने आएगा, जिसके चारों कोनों पर चार रोबोटिक खच्चर तैनात होंगे। ये खच्चर दो नेगेव लाइट मशीन गन और दो टेवर हथियार प्रणालियों से लैस होंगे।
इसके केंद्र में एक मानव रहित जमीनी वाहन (UGV) होगा, जो यह दिखाएगा कि भविष्य के युद्ध में इंसान और मशीन कंधे से कंधा मिलाकर लड़ेंगे।
भारत भविष्य के युद्ध के लिए तैयार
77वें गणतंत्र दिवस परेड में दिखने वाली यह सैन्य ताकत सिर्फ प्रदर्शन नहीं है, बल्कि दुनिया के लिए संदेश है कि भारत तकनीक, रणनीति और साहस—तीनों में आगे है। यह परेड बताएगी कि भारतीय सेना अब सिर्फ सीमाओं की रक्षा नहीं, बल्कि भविष्य की जंग के लिए भी पूरी तरह तैयार है।




































































