Rajasthan Crime News: जयपुर/चित्तौड़गढ़। रात के अंधेरे में नाकाबंदी तोड़कर भागती एक संदिग्ध स्कॉर्पियो, पुलिस की गाड़ी को टक्कर और फिर जंगल का फायदा उठाकर फरार होते दो संदिग्ध… लेकिन पुलिस के हाथ लगा ऐसा सामान, जिसने पूरे मामले को गंभीर बना दिया।
चित्तौड़गढ़ जिले के भैंसरोड़गढ़ थाना पुलिस ने 324 किलो 420 ग्राम डोडा चूरा, 1 किलो 920 ग्राम अफीम, 12 बोर के 8 जिंदा कारतूस, (Rajasthan Crime News)पिस्टल के 4 कारतूस और 8 अलग-अलग नंबर प्लेटें बरामद की हैं। यह कार्रवाई राजस्थान पुलिस के महानिदेशक राजीव कुमार शर्मा के निर्देश पर चलाए जा रहे मादक पदार्थ एवं संगठित अपराध विरोधी अभियान के तहत ऑपरेशन त्रिनेत्र में की गई।
नाकाबंदी देख स्कॉर्पियो चालक ने बदला रास्ता
पुलिस के अनुसार भैंसरोड़गढ़ थाना क्षेत्र में श्रीपुरा से आगे पुलिया पर नाकाबंदी की जा रही थी। इसी दौरान पुलिस ने एक संदिग्ध स्कॉर्पियो को रुकने का इशारा किया। पुलिस को देखते ही चालक ने वाहन को वापस धांगड़मऊ की ओर मोड़ दिया और तेज रफ्तार से भागने लगा। पुलिस टीम ने पीछा करते हुए धांगड़मऊ चौकी को सूचना दी। इसके बाद चौकी का जाप्ता सरकारी बोलेरो से संदिग्ध वाहन को रोकने के लिए रवाना हुआ।
पुलिस वाहन को मारी टक्कर, जंगल में गायब हुए आरोपी
पुलिस के मुताबिक सामने से आई स्कॉर्पियो को रोकने का प्रयास किया गया तो चालक ने सरकारी बोलेरो को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद दोनों वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गए। इसी दौरान स्कॉर्पियो में सवार चालक और उसका साथी अंधेरे का फायदा उठाकर जंगल की तरफ भाग निकले।
स्कॉर्पियो से निकला ‘काला माल’
तलाशी के दौरान स्कॉर्पियो से भारी मात्रा में डोडा चूरा और अफीम बरामद हुई। इसके अलावा हथियारों में इस्तेमाल होने वाले कारतूस और 8 अलग-अलग नंबर प्लेटें भी मिलीं। पुलिस अब नंबर प्लेटों और बरामद मादक पदार्थ के जरिए पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।
भैंसरोड़गढ़ थाने में NDPS Act, Arms Act और PDPP Act की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस फरार आरोपियों की पहचान और तलाश कर रही है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि इतनी बड़ी मात्रा में मादक पदार्थ कहां से लाया गया था और इसकी सप्लाई कहां की जानी थी।
